श्री बृहस्पतिवार की आरती
ॐ जय बृहस्पति देवा ॐ जय बृहस्पति देवा, जय बृहस्पति देवा। छिन-छिन भोग लगाऊं, कदली फल मेवा।। ॐ जय बृहस्पति […]
ॐ जय बृहस्पति देवा ॐ जय बृहस्पति देवा, जय बृहस्पति देवा। छिन-छिन भोग लगाऊं, कदली फल मेवा।। ॐ जय बृहस्पति […]
मन की शांति का अचूक उपाय है गणपति अथर्वशीर्ष गणपति अथर्वशीर्ष पाठ ॐ नमस्ते गणपतये। त्वमेव प्रत्यक्षं तत्वमसि।। त्वमेव केवलं
दोहा श्री तुलसी महारानी, करूं विनय सिरनाय।जो मम हो संकट विकट, दीजै मात नशाय।।———————————————————————–नमो नमो तुलसी महारानी, महिमा अमित न
।।दोहा।।हीं श्रीं, क्लीं, मेधा, प्रभा, जीवन ज्योति प्रचण्ड ।शांति, क्रांति, जागृति, प्रगति, रचना शक्ति अखण्ड ।।जगत जननि, मंगल करनि, गायत्री
संपूर्ण सुंदरकांड पाठ : सुंदरकांड का पाठ नियमित करना चाहिए। हर दिन सुंदरकांड का पाठ नहीं कर सकते तो शनिवार और
हे दुख भंजन, मारुती नंदन (he dukh bhanjan lyrics) हे दुःख भन्जन, मारुती नंदन, सुन लो मेरी पुकार ।पवनसुत विनती
मां दुर्गा को सबसे प्रिय हैं ये 4 सरल मंत्र, चारों दिशाओं से मिलेगी सफलता नवरात्रि में मां दुर्गा की
विनियोगः अस्य श्रीरामरक्षास्तोत्रमन्त्रस्य बुधकौशिक ऋषिः। श्री सीतारामचंद्रो देवता । अनुष्टुप् छंदः। सीता शक्तिः। श्रीमान हनुमान् कीलकम् । श्री सीतारामचंद्रप्रीत्यर्थे रामरक्षास्तोत्रजपे
हे रामा पुरुषोत्तमा नरहरे नारायणा केशव। गोविन्दा गरुड़ध्वजा गुणनिधे दामोदरा माधवा।। हे रामा पुरुषोत्तमा नरहरे नारायणा केशव। गोविन्दा गरुड़ध्वजा गुणनिधे
चौपाई श्री रघुवीर भक्त हितकारी। सुन लीजै प्रभु अरज हमारी॥ निशिदिन ध्यान धरै जो कोई। ता सम भक्त और नहिं